चले घूमने हम चिड़ियाघर

चले घूमने हम चिड़ियाघर
लगे देखने हम तो जलचर

वन्यजीव  रहते  हैं  खूब
देखे हमने कितने थलचर

बच्चो  ने  देखी चिंपैंजी
बोले मुह से  है ये खूब

हिरनी,भालू और लोमड़ी
शेर ,बाघ,तेंदुआ, रहते खूब

भालू को देखके बच्चे भी झूमे
नाच नचा के मज़ा आया खूब

बच्चो ने देख लिया चिड़ियाघर
सैर- सपाटा,सबने किया खूब

बोलने लगे हम फिर आयेंगे
बन्दर से प्रोमिस कर आयेंगे

*-आकिब जावेद*

         

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