डिजिटाइजेशन के दौर में,

 

उम्र पुरानी है,
तस्वीर पुरानी है ।
प्रोफ़ाइल में ,
यौवना बनी नानी है ।
आते नही फिर,
गुजरे दिन वापस,
वो भी एक कहानी थी ,
यह भी एक कहानी है।
डिजिटाइजेशन के दौर में,
रंगीन हुई बूढ़ी नानी है ।
….”निश्चल” विवेक….

         

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